छोटी सी बात
आस-पास बच्चे हों, तो अपनी बातों के मुद्दे, अपनी जुबान, अपने टीवी चैनल, सबका ध्यान रखें। आपका बच्चा बार-बार आपसे जूते मारने की बात सुनते हुए, जूते चला भी सकता है। इसलिए आप बात किसी से भी करें, अपनी जुबान, अपने साथ बैठे लोगों की जुबान, टीवी की जुबान पर ध्यान दें। आप ध्यान ना भी दें, तो भी बच्चे तो ध्यान देते ही हैं।
आस-पास बच्चे हों, तो अपनी बातों के मुद्दे, अपनी जुबान, अपने टीवी चैनल, सबका ध्यान रखें। आपका बच्चा बार-बार आपसे जूते मारने की बात सुनते हुए, जूते चला भी सकता है। इसलिए आप बात किसी से भी करें, अपनी जुबान, अपने साथ बैठे लोगों की जुबान, टीवी की जुबान पर ध्यान दें। आप ध्यान ना भी दें, तो भी बच्चे तो ध्यान देते ही हैं।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें